वो आवाज ❤️

सुनने को हूँ बेताब

मैं वो आवाज

जो आने वाली है शाम की चाय के बाद

चाहत तो थी कि चुस्कियां लूँ साथ

मगर फिर कभी में उलझी है साँस

धड़कनों ने संभाला है मुश्किल से आज

शब्दों में लिख दूँ क्या सारे एहसास


सुनो तो मेरी सिर्फ मेरी ❤️SwAsh 💖

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